रूपं देहि जयं देहि यशो देहि द्विषो जहि।। इसलिए जिसको आपके साथ उन बुरी एनर्जी को जोड़ना होता है वह आपकी इन चीज का इस्तेमाल करता है. भूत-प्रेत पिशाच-शाकिनी-डाकिनी यक्षणी-पूतना-मारी-महामारी, ‘‘ऊँ क्रीं वांछितं मे वशमानय स्वाहा।’’ This mantra should be to be enacted taking a shower, putting on thoroughly clean https://tantramantraaurvigyaan.com/